कबीर क्रांति ब्रेकिंग न्यूज़ देखिये डी एन योगी की रिपोर्ट ग्राम पंचायत लोहझरी में भीषण आग, दो गायों समेत सब कुछ जलकर राख कवर्धा। ग्राम पंचायत लोहझरी में देर रात भीषण आग लगने से एक परिवार की पूरी जिंदगी राख में तब्दील हो गई। आग इतनी भयावह थी कि देखते ही देखते घर में रखा अनाज, कपड़े, घरेलू सामान और जरूरी दस्तावेज जलकर खाक हो गए। हादसे में दो गायों की दर्दनाक मौत हो गई, जिससे गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों के अनुसार आग अचानक भड़की और कुछ ही मिनटों में पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। परिवार और ग्रामीणों ने आग बुझाने की भरपूर कोशिश की, लेकिन संसाधनों की कमी के कारण आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जा सका। घटना के बाद पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल राहत सहायता, मुआवजा और पीड़ित परिवार के पुनर्वास की मांग की है। लोगों का कहना है कि गरीब परिवार की वर्षों की मेहनत एक ही रात में राख हो गई। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है, लेकिन शॉर्ट सर्किट या चूल्हे की चिंगारी को संभावित वजह माना जा रहा है। प्रशासनिक अमले से मौके पर पहुंचकर जांच और सहायता की मांग तेज हो गई है।

कबीर क्रांति ब्रेकिंग न्यूज़
देखिये डी एन योगी की रिपोर्ट
ग्राम पंचायत लोहझरी में भीषण आग, दो गायों समेत सब कुछ जलकर राख
कवर्धा। ग्राम पंचायत लोहझरी में देर रात भीषण आग लगने से एक परिवार की पूरी जिंदगी राख में तब्दील हो गई। आग इतनी भयावह थी कि देखते ही देखते घर में रखा अनाज, कपड़े, घरेलू सामान और जरूरी दस्तावेज जलकर खाक हो गए। हादसे में दो गायों की दर्दनाक मौत हो गई, जिससे गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है।
ग्रामीणों के अनुसार आग अचानक भड़की और कुछ ही मिनटों में पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। परिवार और ग्रामीणों ने आग बुझाने की भरपूर कोशिश की, लेकिन संसाधनों की कमी के कारण आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जा सका। घटना के बाद पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गया है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल राहत सहायता, मुआवजा और पीड़ित परिवार के पुनर्वास की मांग की है। लोगों का कहना है कि गरीब परिवार की वर्षों की मेहनत एक ही रात में राख हो गई।
फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है, लेकिन शॉर्ट सर्किट या चूल्हे की चिंगारी को संभावित वजह माना जा रहा है। प्रशासनिक अमले से मौके पर पहुंचकर जांच और सहायता की मांग तेज हो गई है।




