कबीर क्रांति ब्रेकिंग न्यूज़ देखिये डी एन योगी की रिपोर्ट “कवर्धा में तहसील प्रशासन की मनमानी: 50 साल पुराने कब्जे वाली झोपड़ी को तहसीलदार ने जेसीबी से तुड़वाया, गाँव में तनाव”
कमिश्नर कोर्ट में विचाराधीन भूमि पर अवैध कार्रवाई, ग्रामीणों ने तहसीलदार जैन और विनय बोथरा पर लगाए पक्षपात और सत्ता के दुरुपयोग के आरोप

कबीर क्रांति ब्रेकिंग न्यूज़
देखिये डी एन योगी की रिपोर्ट
“कवर्धा में तहसील प्रशासन की मनमानी: 50 साल पुराने कब्जे वाली झोपड़ी को तहसीलदार ने जेसीबी से तुड़वाया, गाँव में तनाव”
कमिश्नर कोर्ट में विचाराधीन भूमि पर अवैध कार्रवाई, ग्रामीणों ने तहसीलदार जैन और विनय बोथरा पर लगाए पक्षपात और सत्ता के दुरुपयोग के आरोप
कवर्धा
ज़िले के सोनपुरी रानी सागर दुल्लापुर गाँव में 3 जून 2025 को प्रशासनिक दमन और सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का मामला सामने आया, जब तहसीलदार विकास कुमार जैन ने भारी पुलिस बल और नगर पालिका की जेसीबी मशीनों के साथ मिलन यादव की झोपड़ी को ज़बरन तोड़ दिया। यह कार्रवाई उस ज़मीन पर की गई, जिस पर मिलन यादव के पैतृक संपत्ति है । जिसके चलते पूर्व से कब्जा किया गया था और जिस पर वर्षों से उनका परिवार रह रहा है।
विशेष बात यह है कि उक्त भूमि को लेकर विवाद कमिश्नर न्यायालय दुर्ग में विचाराधीन है, जिसकी अगली सुनवाई 3 जुलाई 2025 को होनी है। न्यायिक प्रक्रिया जारी होने के बावजूद प्रशासन द्वारा की गई यह कार्रवाई न सिर्फ विधि के विरुद्ध है, बल्कि इससे क्षेत्र में तनाव का माहौल पैदा हो गया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि यह पूरी कार्रवाई कवर्धा के प्रभावशाली व्यापारी विनय बोथरा के दबाव में की गई, जिन्होंने बाद में उक्त भूमि से सटे क्षेत्र की अन्य जमीनें खरीदी हैं और अब विवादित भूमि पर भी अधिकार जताना चाहते हैं। उनका कहना है कि नायब तहसीलदार विकास कुमार जैन, विनय बोथरा के इशारे पर कार्य कर रहे हैं और अपने समाज विशेष के लोगों को लाभ पहुँचाने के लिए पद का दुरुपयोग कर रहे हैं।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि उच्च अधिकारियों द्वारा जारी किसी स्पष्ट आदेश के बिना ही यह कार्रवाई की गई, जबकि नायब तहसीलदार को कमिश्नर कोर्ट में विचाराधीन भूमि के संबंध में किसी प्रकार की कार्रवाई करने का अधिकार नहीं है। यह कृत्य सीधे तौर पर न्यायालय की प्रक्रिया का अपमान और कानून की अवहेलना है।
घटना के बाद पूरे गाँव में भय और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि भविष्य में कोई अप्रिय घटना घटती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी विकास जैन नायब तहसीलदार की होगी।
ग्रामीणों की प्रमुख माँगें
विकास जैन नायब तहसीलदार को तत्काल प्रभाव से हटाया जाए
पूरी घटना की निष्पक्ष न्यायिक जांच कराई जाए
मिलन यादव के परिवार को न्याय दिलाया जाए और पुनः उनके पुराने स्थान पर बसाया जाए
प्रशासनिक कार्रवाई में राजनीतिक या जातीय प्रभाव की भूमिका की भी जाँच की जाए
यह मामला अब स्थानीय से बढ़कर जिला स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है, और संभावना जताई जा रही है कि यदि प्रशासन ने तत्काल कदम नहीं उठाया, तो यह विवाद व्यापक जन आंदोलन का रूप ले सकता है।



