किन्तु आखिर यह बलिदान कब तक होता रहेगा और इस लुका छुपी का अंत कब होगा | सरकार को यह तय करना होगा कि, इस समस्या का हल बैलेट से होगा अथवा बुलेट से होगा ,,ब्रृजलाल अग्रवाल
दंतेवाड़ा में 10 जवान नक्सली हमले में शाहिद

कवर्धा सामाजिक कार्यकर्ता एवं वरिष्ठ पत्रकार बृजलाल अग्रवाल ने खेद व्यक्त करते हुए कहा कि दंतेवाड़ा में 10 जवान नक्सली हमले में शाहिद हो गए उन्हे देश का प्रधानमंत्री श्री नरेंद्रमोदी कांग्रेस नेता राहुल गांधी पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह एवं वर्तमान मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित सभी नेताओ ने सामाजिक संस्थाओ ने श्रद्धांजलि अर्पित की एवं श्री भूपेश बघेल ने यहाँ तक कहा कि उनका बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा | पूर्व में मुख्यमंत्री ने भी यही कहा था नक्सलियों की निशानों पर हमेशा जवान भाजपा एवं काँग्रेस नेता रहे है | उनमें कोई अंतर नहीं है किन्तु आखिर यह बलिदान कब तक होता रहेगा और इस लुका छुपी का अंत कब होगा | सरकार को यह तय करना होगा, इस समस्या का हल बैलेट से होगा अथवा बुलेट से होगा, यह तय करने के पश्चात ही चुने हुए मार्ग पर दृण इच्छा शक्ति का उपयोग करना होगा | तभी समस्या का समाधान संभावना है, अन्यथा इस लुका छुपी पर विराम नहीं लग पाएगा | एवं घटनाये दोनों पक्ष से होती रहेगी। मात्र श्रद्धांजलि एवं कार्ययाना हमला कहना समस्या का हल नहीं है |




